बरसात में बीमारियों से बचने के लिये खाएं ये फल

बरसात का मौसम आते ही कई सारी बीमारियां भी साथ लेकर आती है। बरसात के मौसम में ज्यादातर पानी से संबंधित बीमारियां होती है। ऐसे में आपको मानसून या बरसात में बीमारियों से बचने के लिए कुछ ऐसे फलों को सेवन चाहिए जिससे आप हमेशा स्वस्थ्य रह सकें।

बरसात में बीमारियों से बचने के लिये खाएं ये फल

पपीता

पपीता सभी फलों में सबसे पसंदीदा नहीं हो सकता है, लेकिन इसमें कई ऐसे स्वास्थ्य गुण है जो इसे अन्य फलों से आगे रखता है। यह पाचन में सुधार लाने, दांतों को राहत, प्रतिरक्षा में सुधार और हृदय स्वस्थ रखने में मदद करता है। इसे हर मौसम में खाना बहुत ही लाभकारी माना जाता है। यदि शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ानी है, तो नियमित रूप से सेवन कीजिए।

नाशपाती

विटामिन्स, खनिज, एंजाइम और घुलनशील फाइबर हमारे शरीर के लिए बेहद ही जरूरी फल है। बरसात के मौसम में लोग इसका ज्यादा सेवन करते हैं। बरसात के मौसम में नाशपाती खाने से बीमारियां दूर भागती हैं। वजन घटाने, पाचन में सुधार, हृदय स्वास्थ्य में सुधार, रक्तचाप को कम करना आदि चीजों में नाशपाती फल बहुत ही काम का फल है।

जामुन

बरसात में बीमारियों से बचने के लिये जामुन फल की कोई तुलना नहीं है। काले-काले रसीले जामुन फल में बहुत कम कैलोरी होती है। यह पेट में दर्द, मलजल और मूत्र संबंधित विकार को दूर करने में मदद करता है। यह हृदय, मधुमेह, अल्सर, दस्त, यकृत जैसे कई स्वास्थ्य समस्याओं को कंट्रोल करता है। बरसात में बीमारियों से दूर रहना है तो इसका नियमित रूप से सेवन कीजिए।

केला

केले में ढेर सारा विटामिन और मिनरल होता है। पोटेशियम, कैल्शियम, मैंगनीज, मैग्नीशियम, लोहा, फोलेट और नियासिन से भरपूर केला वजन घटाने, मोटापे को कम करने, आंत्र विकारों का इलाज, कब्ज से राहत देने में मदद करता है। इसे बरसात के मौसम खाना चाहिए।

अनार

अनार विटामिन का अच्छा स्रोत है, विशेष रूप से विटामिन ए, विटामिन सी, और विटामिन ई के साथ इसमें फोलिक एसिड पाया जाता है। अनार के रस में उच्च स्तर एंटी ऑक्सीडेंट होते हैं। इसका सेवन न केवल सेहत को बल्कि चेहरे में निखार और सुंदर बनाने में अहम भूमिका निभाता है।

सेब

मानसून में बीमारियों से बचना है तो रोजाना सेब का सेवन करना चाहिए। सेब एंटीऑक्सिडेंट, फ्लैनोनोड्स और डायटी फाइबर में बेहद समृद्ध हैं। सेब कैंसर, उच्च रक्तचाप, मधुमेह, और हृदय रोग के विकास के जोखिम को कम करने में मदद करता है।

लीची

चेहरे पर निखार लाने वाला लीची फल को आप मानसून में सेवन कीजिए बहुत ही मदद मिलेगा। विटामिन, खनिज और अन्य पोषक तत्वों से भरपूर लीची मधुमेह, सूजन और तनाव में बहुत ही काम का फल है।

आडू

सेब जैसा देखने वाला आडू का बाहरी रंग पीला और अन्दर इसका बीज कठोर कठोर होता है, जो इसे सेब से बिल्कुल अलग कर देते हैं। इसमें प्रचुर मात्रा में कार्बोहाइड्रेट, प्रोटीन, मिनरल्स, कैल्शियम, पोटेशियम, मैग्नीशियम, लोहा, मैंगनीज और फास्फोरस होते हैं जो शरीर को फायदा पहुंचाते हैं। आडू में कम कैलोरी होता है। इसमें कोई संतृप्त वसा या कोलेस्ट्रॉल नहीं होता और आहार में फाइबर का अच्छा स्रोत होता है। मानसून के मौसम में इसका सेवन जरूर करना चाहिए।